किसानों को अपनी खेती में कम खर्च हो और सिंचाई के लिए सुविधा प्राप्त हो इसे लेकर सरकार ने किसानों के खेतों में सोलर पंप पर सब्सिडी दिया जाता। जिसको लेकर केंद्र सरकार के द्वारा प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान (PM–Kusum) योजना को आरंभ किया गया। इस योजना में प्रदेश सरकार किसानों को कम्पोनेंट ‘बी’ के तहत उद्यानिकी विभाग हाईटेक सिंचाई 3HP, 5HP ओर 7.5HP का सोलर पंप सेट पर सब्सिडी दिया रहा है। जिसके चलते किसानों को अभी आवेदन कर सकते हैं।
PM Kusum Yojana Subsidy 2025
सरकार की ओर से इस योजना को शुरू करने का मुख्य उद्देश्य किसानों को अपनी खेती में सिंचाई के लिए बिजली के कनेक्शन नहीं होने या फिर डीजल पंप सेट पर या फिर अन्य साधन के द्वारा सिंचाई करने वाले किसानों को प्राथमिकता के रूप सौर ऊर्जा पंप संयंत्र पर सब्सिडी दिया जा रहा है।
बता दें कि इस वित वर्ष के दौरान पीएम-कुसुम योजना के अंतर्गत तय किए गए लक्ष्य से शेष रह गए हैं उनको पूरा करने को लेकर विभाग की ओर से आवेदन मांगा गया है।
कितनी मिलेगी सब्सिडी का लाभ
बता दें कि उद्यान विभाग अधिकारी मुकेश गहलोत के मुताबिक किसानों को स्टेण्ड अलोन सौर ऊर्जा पम्प परियोजना में पीएम कुसुम कम्पोनेंट ‘बी’ के तहत 60% सब्सिडी प्राप्त होगा। जिसमे राज्य सरकार 30% व केंद्र सरकार 30% का सब्सिडी का लाभ दिया जाएगा।
ऐसे में किसानों को अपने खेतों में सोलर पंप की स्थापना में 40% की राशि ही खर्ज करना होगा। जिसमें किसानों को बैंक ऋण 30% राशि की सहायता के सकते हैं।
जानकारी के लिए बता दें कि जो किसान अनुसूचित जाति व अनुसूचित जनजाति से कृषक हैं उनको राज्य मद से 45000 रुपए हर कृषक प्रति संयंत्र अतिरिक्त अनुदान दिया जाएगा। किसानों को 7.5 एचपी सोलर पंप पर ही सब्सिडी मिलेगा। इससे अधिक यानी 10 एचपी का सोलर पंप सेट लगवाते है तो किसानों को ही समस्त अन्तर राशि देना होगा।
किन किन किसानों सोलर पंप सब्सिडी
बता दें कि बीकानेर जिला के उद्यान विभाग की उपनिदेशक रेणु वर्मा की ओर दी गई जानकारी के मुताबिक योजना का फायदा उठाने वाले के पास कम से कम 0.4 हेक्टेयर भूमि का होना जरूरी है। इसके अलावा जो किसान अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति से उनको 3 HP & 5 HP का सोलर पंप संयंत्र के लिए कम से कम 0.2 हेक्टेयर भूमि होना आवश्यक होगा।
वही कार्यदायी फर्म की तरफ से तकनीकी सर्वे के आधार पर सोलर पंप क्षमता का निर्धारण होगा। कृषक के आवेदन मे किए गए पंप क्षमता को तकनीकी सर्वे के अनुसार बदला जा सकता है।
आवेदन का अंतिम दिनांक क्या है
योजना में शामिल होने या फिर जो किसान आवेदन करने के इच्छुक हैं उनको आनलाइन आवेदन करना होगा। किसान इस योजना में लाभ के लिए फरवरी 2025 की अंत तक आवेदन कर पाएंगे। जिससे शेष रहने वाले लक्ष्य को पूरा किया जाएगा।
कौन कौन से किसान पात्र होंगे
- जिन किसानों के द्वारा अपनी फसल में मिनी स्प्रिंकलर, ड्रिप, स्प्रिंकलर संयंत्र या माइक्रो स्प्रिंकलर से कार्य करते हैं।
- जो किसान उच्च उद्यानिकी तकनीक जिसमें शेड नेट हाउस, ग्रीन हाउस, या लो-टनल्स से करते हैं।
- योजना में किसान की ओर से जलस्त्रोत होने या फिर डीजल चलित संयंत्र सिंचाई करने वाले किसानों को स्व-घोषित शपथ-पत्र प्रस्तुत करना होगा जिनको पात्र माना जाएगा।
- जो किसान जल संग्रहण ढांचा, फार्म पौण्ड, डिग्गी या जल हौज निर्माण किया गया है। और बिजली कनेक्शन विहीन है तो उनको शपथ-पत्र प्रस्तुत करने के बाद योजना में पात्र माना जाएगा।
- जो किसान लघु और सीमांत किसान है उनको प्राथमिकता मिलेगा।
- जिन किसानों को पहले से ही बिजली कनेक्शन या फिर सौर ऊर्जा पम्प संयंत्र परियोजना अन्तर्गत अनुदान मिल चुका है उनको लाभ नहीं मिलेगा।
सोलर पंप सब्सिडी को लेकर आवेदन कहां पर करें
किसानों को राजस्थान प्रदेश सरकार पीएम कुसुम योजना में सब्सिडी का लाभ दिया जा रहा है जिसमें किसानों को आनलाइन आवेदन करना पड़ेगा। जिसके लिए किसानों को फरवरी महीने के लास्ट तक आवेदन किया जा सकता है।
ऐसे में किसानों को अपना ऑनलाइन आवेदन राज किसान साथी पोर्टल पर या फिर इसके अलावा ई मित्र केंद्र पर जाकर जरूरी कागजात को के जाकर आवेदन कर पाएंगे।
किसानों के पास जरूरी कागजात
किसानों को अपने पास जन आधार कार्ड, पासबुक (भू-स्वामित्व), भूमि की जमाबंदी, विद्युत कनेक्शन न होने का शपथ ऑनलाइन स्व-घोषित, सिंचाई जल स्त्रोत ऑनलाइन स्व-घोषित आदि जरूरी कागजात देना होगा।
आवेदन करने का लिंक 👉 यहां पर दबाएं